सवाल है बहुत जिनके जवाब नहीं..
दर्द है इतना की ज़रा करार नहीं..
अनकहे अनसुने लफ्ज़ है..
अनमने उलझे बर्ताव..
कोई शख्स न मिला जो परेशान नहीं..
वक्त निकल रहा है हाथ से..
दिल किसी चीज़ को बेताब नहीं..
इश्क है किसी से.. नज़र जो आता नहीं..
सबकुछ है पास मेरे.. है अधूरेपन का एहसास वही..
सवाल है बहुत जिनके जवाब नहीं..
दर्द है इतना की ज़रा करार नहीं..