ख़ुशी है जितनी खोफ़ भी उतना है..
राहत मिली है जितनी दर्द भी उतना है..
आ गये हो जो ज़िन्दगी में तो कोई बड़ी बात नहीं..
रहोगे साथ यूँही ये मेरा सपना है..
मेरी रूह में बस कर भी तुम मुझसे दूर हो..
ये भरोसा भी अपना है.. ये एहसास भी अपना है..
रंज है.. सवाल है.. खलिश है.. मगर..
तेरी हर बेरुखी.. तेरा हर ख़याल अपना है..
कोई ज़ोर मेरा किसी बात पर नहीं है मगर..
तुझे बिखरने नहीं दूंगी ये यकीन मेरा है..
मेरी हर मुमकिन कोशिश है तेरे साथ रहूँ में..
न जाने क्यों मुझे लगता ये हक अपना है..
कोई तुझे देखे या तू देखे किसी और को..
जो दर्द होता है दिल को उस पर न काबू अपना है..
ख़ुशी है जितनी खोफ़ भी उतना है..
राहत मिली है जितनी दर्द भी उतना है.
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